image

चंडीगढ़: सैक्टर-22 लाइट प्वाइंट के पास शनिवार सुबह डी.एस.पी. ट्रैफिक सुखविन्द्र पाल सिंह सोंधी ने सरेआम दादागिरी दिखाते हुए एक महिला व उसके 2 छोटे बच्चों के सामने उसके पति की जमकर धुनाई कर डाली। मौके पर जब लोगों ने देखा कि यह तो सरेआम पुलिस की गुंडागर्दी है तो लोगों ने वीडियो बनानी शुरू कर दी और काफी देर तक डी.एस.पी. की गाड़ी को घेर लिया गया। इस दौरान डी.एस.पी. पीड़ित से बहस करता साफ दिखाई दे रहा। जिसके बाद पीड़ित ने इसकी शिकायत पुलिस कंट्रोल रूम को दी और फिर पुलिस ने उसे तुरंत सैक्टर-16 के जी.एम.एस.एच. में उपचार के लिए पहुंचाया। जहां उसके मुंह, नाक व अन्य जगहों पर चोटें लगी हैं। हालांकि डी.एस.पी. ने भी पीड़ित के खिलाफ शिकायत दी है।

 फिलहाल दोनों पक्षों की शिकायत पर बयान दर्ज किए गए है। सारंगपुर निवासी शिवनाथ ने बताया कि वह पी.जी.आई. में बतौर नर्सिंग अफसर के पद पर तैनात है। शनिवार सुबह करीब 11 बजे वह पत्नी के साथ सैक्टर-22 स्थित स्कूल से बच्चों को लेकर वापस घर लौट रहे थे। बाइक पर सवार शिवनाथ ने हैलमेट पहना हुआ था जबकि पीछे बैठी उनकी पत्नी रेखा ने हैलमेट नहीं पहना हुआ था। सैक्टर22 किरण सिनेमा लाइट प्वाइंट पर पहुंचे, तो अचानक लाइट रैड हो गई। उन्होंने आरोप लगाया कि इस दौरान वहां से गुजर रहे डी.एस.पी. ट्रैफिक सुखविन्द्र पाल सिंह सौंधी बोला कि ‘तुम लोग सुधरोगे नहीं, चल बाइक साइड में लगा’ इतना कहते हुए वह गाड़ी से नीचे उतरकर अभद्र भाषा का इस्तेमाल करने लगा। 

जैसे ही शिवनाथ ने विरोध किया तो डी.एस.पी. के गनमैन व ड्राइवर ने शिवनाथ के हाथ पकड़ लिए और डी.एस.पी. ने शिवनाथ के मुंह पर मुक्के मारने शुरू कर दिए। जिससे उनके नाक पर गंभीर चोट लगी और खून निकलने लगा। इस बीच पत्नी ने बीच बचाव किया तो उसके साथ भी धक्का-मुक्की की। तभी दोनों छोटे बच्चे (4 साल व 8 साल) मां-बाप के साथ की जा रही बदसलूकी को देखकर रोने लग गए। यह सब देख आसपास के लोगों ने बीच बचाव किया तो फिर डी.एस.पी. ने मारना तो बंद कर दिया, लेकिन बहस करते नहीं हटे। पीड़ित की पत्नी ने बताया कि उनके साथ बहुत गलत हुआ है।

 माना कि उन्होंने हैलमेट नहीं पहना था, तो उसका चालान काटना चाहिए, न कि उनके पति की इस तरह सरेआम पिटाई करनी चाहिए थी। मामला इस कदर बढ़ गया कि मौके पर सैकड़ों लोगों की भीड़ इकट्ठी हो गई थी, जिसके बाद देखते ही देखते लंबा जाम भी लग गया। इस दौरान ज्यादातर लोग अपने मोबाइल पर सारा वाक्या रिकार्ड करते हुए नजर आए। जिसके बाद दिन भर हंगामे की वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होती रही। पीड़ित पक्ष ने आरोप लगाया कि पुलिस उनकी एक नहीं सुन रही है और डी.एस.पी. के खिलाफ कार्रवाई करने के बजाए उन पर समझौता करने का दबाव डाल रही है।

DainikSavera APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS

Web Title: woman not wore helmet than police beaten husband

More News From punjab

Next Stories
image

free stats