image

चंडीगढ़: मुख्य चुनाव आयुक्त ने पंजाब में लोकसभा चुनाव अंतिम चरण 19 मई को रखा है लेकिन ज्यादातर राजनीतिक दल इससे खुश नजर नहीं आ रहे हैं। राजनीतिक दलों का तर्क है कि पंजाब में चुनाव पहले चरण यानि के 11 अप्रैल को होने चाहिए थे क्योंकि इस समय तक किसान और दूसरे लोग काम-काज में ज्यादा व्यस्त नहीं होते। लेकिन 11 अप्रैल के बाद पंजाब में गेहूं की फसल की कटाई का काम जोर-शोर से शुरू हो जाता है और हर गांव में किसान और मजदूर इस काम में पूरी तरह से व्यस्त रहते हैं। कटाई का काम लगभग 15 मई तक चलता है। राजनीतिक नेताओं का कहना है कि ऐसे हालत में उनको पंजाब में चुनाव प्रचार करने में बहुत परेशानी होगी क्योंकि लोग अपने काम में व्यस्त रहेंगे। 

Read More  चुनाव से पहले पेट्रोल-डीजल महंगा, प्रधान ने सऊदी अरब से मांगी मदद

दूसरी बात यह कह रहे हैं कि अभी चुनाव में 2 माह से ज्यादा का समय पड़ा है। इसके कारण चुनाव पर खर्चा तीन गुणा बढ़ जाएगा क्योंकि प्रचार बहुत लंबी देर चलेगा। रविवार को आयुक्त के लोकसभा चुनाव के ऐलान के तुरंत बाद राजनीतिक पार्टियों ने अपनी सरगर्मी बढ़ा दी हैं। शिरोमणी अकाली दल (बादल) ने अपनी कोर कमेटी व इलैक्टिव कमेटी की बैठक 13 मार्च को बुला ली है। इस बैठक में चुनाव के बारे में रणनीति तैयार की जाएगी और उम्मीदवारों के बारे में विचार-विमर्श किया जाएगा। जानकारी के अनुसार के प्रेम सिंह चंदूमाजरा अकाली टिकट पर आनंदपुर की सीट से चुनाव लडेंगे और हरसिमरत कौर बादल बठिंडा से चुनाव मैदान में उतरेगी। लेकिन बाकी सीटों के लिए पार्टी उम्मीदवारों की तलाश में हैं। वहीं अकाली दल की सहयोगी पार्टी भाजपा अमृतसर, होशियारपुर और गुरदासपुर से चुनाव लडेगी।

Read More जम्मू एवं कश्मीरः नियंत्रण रेखा पर हुई गोलीबारी, सभी शैक्षणिक संस्थान बंद

जानकारी के अनुसार के वामपंथी पार्टियां भी राज्य में पंजाब डैमोक्रेटिक अलायंस से मिलकर लोकसभी चुनाव लड़ने की कोशिश में हैं। सी.पी.आई. के नेता डा. जोगेंद्र दयाल का कहना है कि सी.पी.आई. फिरोजपुर से चुनाव लड़ने का मन बना रही है और दूसरी तरफ सी.पी.एम. की आंख आनंदपुर साहिब लोकसभा सीट पर है लेकिन अलायंस ने सी.पी.एम. को संगरूर सीट से लड़ने की पेशकश की है। दूसरी तरफ कांग्रेस पार्टी ने भी चुनाव के लिए बिगुल बजा दिया है। सूत्रों के अनुसार रवनीत सिंह बिट्टू कांग्रेस की टिकट पर लुधियाना से चुनाव लड़ेंगे और पटियाला से कांग्रेस की टिकट महारानी परनीत कौर के खाते में जा सकती है। फिरोजपुर की सीट शेर सिंह घुबाया को मिल सकती है। इसके अलावा गुरदासपुर सीट से सुनील जाखड़, होशियारपुर सीट जामिनी गुमर को मिल सकती है। वह पहले आम आदमी पार्टी की टिकट पर चुनाव लड़ी थी और उन्हें वोट भी ठीक ठाक मिले थे। जालंधर से चौधरी संतोख सिंह को दोबारा टिकट मिल सकती है। वहीं संगरूर के लिए पीडब्ल्यूडी मंत्री विजेंद्र सिंगला चुनाव लड़ने के लिए तत्पर है।

DainikSavera APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS

Web Title: Punjab parties not happy with the date of election

More News From punjab

Next Stories
image

IPL 2019 News Update
free stats