image

नई दिल्लीः पाकिस्तान की कैद में बंद भारतीय कुलभूषण जाधव की रिहाई पर नीदरलैंड के हेग स्थित अंतर्राष्ट्रीय कोर्ट (ICJ) में बड़ा फैसला लेते हुए ने फांसी पर रोक लगा दी है। इसके साथ ही उनको काउंसलर एक्सेस की सुविधा भी मिली हैं। कुलभूषण जाधव पर 16 में से 15 जजों ने भारत के पक्ष में फैसला सुनाया हैं। इसी के साथ पाकिस्तान की मुश्किलें अब और बढ़ गई हैं।

जानकारी के अनुसार, पाकिस्तान इंटरनेशनल कोर्ट में एक बड़ा केस हार गया है, जिस कारण पाकिस्तान काे 40 हजार कराेड़ रुपए चुकाने हाेंगे। विश्व बैंक से संबद्ध न्यायाधिकरण इंटरनेशनल सेंटर फार सेटलमेंट आफ इन्वेस्टमेंट डिस्प्यूट्स (आईसीएसआईडी) ने बलूचिस्तान स्थिति रेको डिक खदान सौदे को रद्द करने पर पाकिस्तान पर 5 अरब 97 करोड़ डॉलर का जुर्माना ठोंका है। इसमें 4.08 अरब डॉलर हर्जाना और 1.87 अरब डॉलर ब्याज है। यह हर्जाना पाकिस्तान को टेथयान कॉपर कंपनी (टीसीसी) को चुकाना होगा।

पाकिस्तानी मीडिया में प्रकाशित रिपाेर्टाें में यह जानकारी दी गई है। गंभीर आर्थिक संकट से जूझ रहे पाकिस्तान के लिए यह जबर्दस्त झटका है और प्रधानमंत्री इमरान खान ने यह जानने के लिए आयोग का गठन किया है कि इस मामले में नौबत यहां तक क्यों पहुंची। पाकिस्तान सरकार ने यह भी साफ किया है, कि वह इस फैसले के खिलाफ आईसीएसआईडी समेत अन्य संबंधित न्यायिक मंचों पर अपील करने पर विचार कर रही है।

पाकिस्तान के सर्वोच्च न्यायालय द्वारा इस सौदे के करार में गड़बड़ी बताकर इसे रद्द किए जाने के बाद टीसीसी ने साल 2012 में विश्व बैंक के आईसीएसआईडी के समक्ष 11.43 अरब डॉलर का दावा पाकिस्तान के खिलाफ दायर किया था। 2107 में आईसीएसआईडी टीसीसी के पक्ष को सही करार दिया था, लेकिन हर्जाने की राशि नहीं तय की थी। न्यायाधिकरण ने बीते शुक्रवार को हर्जाने की राशि तय करते हुए अपना फैसला 700 पेज में दिया। पाकिस्तान पर लगाया गया यह जुर्माना, आईसीएसआईडी के इतिहास में इसके द्वारा लगाए गए सर्वाधिक अर्थदंड में से एक है।

 

DainikSavera APP डाउनलोड करें। ANDROID लिंक और iOS

Web Title: Pakistan's Rs 40 Thousand Crore Shocks

More News From international

Next Stories
image

free stats